सचिन तेंदुलकर का जीवन परिचय, सचिन तेंदुलकर की जीवनी ( Sachin Tendulkar ki jiwani ), जन्म शिक्षा, परिवार, रन, अनमोल वचन, अवार्ड, करियर ( Sachin Tendulkar Biography in Hindi, Sachin Tendulkar Success story in Hindi, Birth, Family, Education, Wife, Height, Run, Award, Record,Career, Success Story ) की जानकारी हिंदी में।
Sachin Tendulkar Indian team के पूर्व बल्लेबाज है। वे क्रिकेट के इतिहास में विश्व के सर्वश्रेष्ठ बल्लेबाज़ माने जाते हैं। सचिन अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में दुनिया में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज हैं। इन्हे गॉड ऑफ़ क्रिकेट कहा जाता है। सचिन तेंदुलकर भारत के सर्वोच्च नागरिक सम्मान भारत रत्न से सम्मानित होने वाले प्रथम खिलाड़ी है।
ये सबसे कम उम्र के खिलाडी है, जिन्होंने इतनी कम उम्र में क्रिकेट करियर शुरू किया था। सचिन राजीव गांधी खेल रत्न पुरस्कार से सम्मानित होने वाले प्रथम क्रिकेट खिलाड़ी हैं। सन् 2008 में उन्हें पद्म विभूषण से भी सम्मानित किया गया था। ( Sachin Tendulkar ki jiwani )
सचिन क्रिकेट जगत के सर्वाधिक प्रसिद्ध खिलाड़ी हैं और विश्व भर में उनके करोड़ो प्रशंसक हैं। उन्हें लिटिल मास्टर व मास्टर ब्लास्टर के नाम से भी जाना जाता है। वे अपने ही नाम के एक रेस्टोरेंट के मालिक भी हैं। इसके अलावा साल 2012 में उन्हें राज्य सभा के सदस्य के रूप में चुना गया था।
सचिन तेंदुलकर का जीवन परिचय – Sachin Tendulkar Biography in Hindi
नाम | सचिन रमेश तेंदुलकर |
निकनेम | गॉड ऑफ क्रिकेट, लिटिल मास्टर , मास्टर ब्लास्टर |
जन्म | 24 अप्रैल 1973 |
जन्म स्थान | मुंबई, महाराष्ट्र, इंडिया |
गृहनगर | मुंबई |
पता | 19 – A , पैरी क्रॉस रोड , बांद्रा (वेस्ट ) मुंबई |
उम्र | 49 वर्ष (अगस्त 2022 तक) |
पेशा | क्रिकेटर (बल्लेबाज) |
बेटिंग स्टाइल | राईट हैंडेड |
बोलिंग स्टाइल | राईट-आर्म लेग स्पिन , ऑफ स्पिन , मीडियम पेस |
कोच | रमाकांत आचरेकर |
नागरिकता | भारतीय |
धर्म | हिन्दू |
जाति | ब्राह्मण |
स्कुल | इंडियन एजुकेशन साइट न्यू इंग्लिश स्कूल बांद्रा (ईस्ट ) मुंबई
शारदाश्रम विद्यामंदिर स्कूल, दादर, मुंबई |
कॉलेज | खालसा कॉलेज मुंबई |
शैक्षिक योग्यता | कॉलेज ड्रॉपआउट (12th pass) |
शादी की तारीख | 24 मई 1995 |
शौक | इत्र, घड़ियां, सीडी का संग्रह करना और संगीत सुनना |
जर्सी नंबर | 10 ( आईपीएल और इंडियन टीम में ) |
अंतर्राष्ट्रीय डेब्यू वनडे मैच | 18 दिसंबर 1989 को गुर्जरवाला में पाकिस्तान के खिलाफ |
अंतर्राष्ट्रीय डेब्यू टेस्ट मैच | 5 नवंबर 1989 को कराची में पाकिस्तान के खिलाफ |
अंतर्राष्ट्रीय डेब्यू T-20-मैच | 1 दिसंबर 2006 को जोहान्सबर्ग में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ |
नेट वर्थ | 1000 करोड़ रुपए |
सचिन तेंदुलकर का परिवार |
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पिता | स्वर्गीय रमेश तेंदुलकर (उपन्यासकार) |
माता | रजनी तेंदुलकर (बीमा एजेंट) |
बहन | सविता तेंदुलकर (बड़ी सौतेली बहन) |
भाई | अजीत तेंदुलकर (बड़ा सौतेला भाई), नितिन तेंदुलकर (बड़ा सौतेला भाई) |
पत्नी | डॉ. अंजली तेंदुलकर |
बेटा | अर्जुन तेंदुलकर |
बेटी | सारा तेंदुलकर |
सचिन तेंदुलकर की शारीरिक संरचना |
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लम्बाई | 5 फीट 5 इंच |
वजन | 68 kg |
छाती | 40 इंच |
कमर | 32 इंच |
बाइसेप्स | 14 इंच |
आँखों का रंग | गहरा भूरा |
बालों का रंग | काला |
स्किन कलर | फेयर |
सचिन तेंदुलकर की पसंद
पसंदीदा खाना | बॉम्बे डक, झींगा करी, केकड़ा मसाला, कीमा पराठा, लस्सी, चिंग्री प्रोन्न्स, मटन बिरयानी, मटन करी, बैंगन भरता |
पसंदीदा अभिनेता | अमिताभ बच्चन, आमिर खान, नाना पाटेकर |
पसंदीदा अभिनेत्री | माधुरी दिक्षित |
पसंदीदा बॉलीवुड फिल्म | शोले |
पसंदीदा हॉलीवुड फिल्म | Coming To America |
पसंदीदा क्रिकेट मैदान | सिडनी क्रिकेट ग्राउंड, वानखेड़े स्टेडियम मुंबई |
पसंदीदा बल्लेबाज क्रिकेटर्स | सुनील गावस्कर, सर विवियन एलेक्जेंडर रिचर्ड्स |
पसंदीदा गेंदबाज क्रिकेटर्स | वसीम अकरम, अनिल कुंबले, शेन वॉर्न, मुथैया मुरलीधरन, ग्लेन मैक्ग्रा, कर्टली एम्ब्रोस |
पसंदीदा संगीतकार | किशोर कुमार, सचिन देव बर्मन, बप्पी लाहिरी, डायर स्ट्रेट्स |
पसंदीदा गीत | बप्पी लाहिरी का गीत – याद आ रहा है तेरा प्यार |
पसंदीदा रंग | नीला |
पसंदीदा इत्र | Comme des Garcons |
पसंदीदा रेस्टोरेंट | बुखारा, मौर्या शेरेटन, दिल्ली |
पसंदीदा होटल | पार्क रॉयल डार्लिंग, सिडनी |
पसंदीदा जगह | न्यूजीलैंड, मसूरी |
पसंदीदा खेल | क्रिकेट, लॉन टेनिस |
पसंदीदा टेनिस खिलाड़ी | जॉन मैकेनरो और रोजर फेडरर |
पसंदीदा शॉट्स | स्ट्रैट ड्राइव |
पसंदीदा विरोधी टीम | पाकिस्तान, ऑस्ट्रेलिया |
पसंदीदा कार | Nexon ZT-R, BMW “30 जहर एम 5” लिमिटेड एडीशन, BMW X5M, BMW X5M 250D, BMW 760 LI, BMW I8 |
सचिन तेंदुलकर का जन्म और प्रारंभिक जीवन – Sachin Tendulkar Success story in hindi
सचिन तेंदुलकर का जन्म 24 अप्रैल 1973 को मुंबई के दादर के निर्मल नर्सिंग होम में एक महाराष्ट्रीय ब्राह्मण परिवार में हुआ था। सचिन के पिता का नाम रमेश तेंदुलकर है, जो कि एक मराठी उपन्यासकार थे। इन्होंने अपने बेटे का नाम सचिन अपने प्रिय म्यूजिक डायरेक्टर सचिन देव बर्मन के नाम पर रखा था।
Sachin Tendulkar की माँ का नाम रजनी तेंदुलकर है, जो कि एक बीमा कंपनी में जॉब करती थी। Sachin Tendulkar बचपन में बहुत शरारती हुआ करते थे। इनकी शरारतो को देखते हुए इनके बड़े भाई ने सचिन का दाखिला दादर में क्रिकेट अकादमी करा दिया था। सचिन को बचपन से ही क्रिकेट में बहुत रूचि थी।
सचिन अपने पिता की दूसरी पत्नी की एकमात्र संतान है। जबकि इनके तीन सौतेले भाई -बहन है। इन सब में सचिन सबसे छोटे है। सचिन के बड़े भाई अजित तेंदुलकर ने ही इन्हे क्रिकेट खेलने के लिए प्रेरित किया था। उस समय के प्रसिद्ध कोच रमाकांत आचरेक ने सचिन की क्रिकेट के प्रति रुझान को देखते हुए बेहतरीन ट्रेनिंग देना शुरू किया।
एक बार Sachin Tendulkar ने इंटरव्यू कहा था कि जब बचपन में वे क्रिकेट खेलते थे, तब उनके कोच स्टम्प पर एक रूपये का सिक्का रखा करते थे और बाकि खिलाडियों से कहते थे कि जो भी गेंदबाज सचिन को आउट करेगा वह ये सिक्का ले जायेगा। यदि कोई खिलाडी सचिन को आउट नहीं कर पाता है तो वो सिक्का सचिन का होगा। सचिन ने कहा कि उनके पास ऐसे कुल 13 सिक्के हैं जो उनके जीवन की अमूल्य सम्पति है।
सचिन तेंदुलकर की शिक्षा – Sachin Tendulkar Education
Sachin Tendulkar बचपन से ही शरारती स्वभाव के थे। पढ़ाई में उनका मन कम ही लगता था। उन्होंने अपनी प्रारंभिक शिक्षा इंडियन एजुकेशन साइट न्यू इंग्लिश स्कूल बांद्रा (ईस्ट ) मुंबई से पूर्ण की थी। इसके बाद उन्होंने क्रिकेट में अपनी प्रतिभा को निखारने के लिए कोच रमाकांत आचरेकर के संरक्षण में शारदाश्रम विद्यामंदिर स्कूल, दादर में दाखिला लिया।
फिर ग्रेजुएशन के लिए उन्होंने मुंबई के खालसा कॉलेज में एडमिशन लिया। लेकिन क्रिकेट में करियर बनाने के लिए उन्होंने अपनी कॉलेज की पढ़ाई बीच में छोड़ दी और क्रिकेट को अपना करियर बनाया। ( Sachin Tendulkar ki jiwani )
सचिन तेंदुलकर की लव स्टोरी और वैवाहिक जीवन – Sachin Tendulkar Love story
सचिन एक सीधे- साधे व सरल स्वभाव वाले इंसान है। उन्हें अपने व्यक्तिगत जीवन को उजागर करना पसंद नहीं है। वे ऐसा कोई भी कार्य नहीं करते है, जिससे उन्हें ट्रोल किया जाये। आज तक उनका अफेयर किसी भी लड़की के साथ में नहीं रहा है। वे केवल अपनी धर्मपत्नी अंजलि तेंदुलकर से प्यार करते है।
अंजलि ही उनका पहला प्यार है और उन्ही से Sachin Tendulkar ने शादी की है। सचिन ने पहली बार अंजलि से मुलाकात मुंबई एअरपोर्ट पर की थी। इसके बाद वे अपने एक मित्र के घर पर मिले थे, यहाँ इन दोनों के बीच बातचीत शुरू हुई थी। उस समय अंजलि मेडिकल की पढ़ाई कर रही थी और क्रिकेट में उनकी कोई रूचि नहीं थी।
Sachin Tendulkar के एक क्रिकेटर होने के बारे में अंजलि को पता नहीं था। कुछ दिन बाद इन दोनों ने डेट करना शुरू किया और एक दूसरे को जाना। इसी दौरान अंजलि को सचिन के खेल के बारे में पता चला और उनकी रूचि क्रिकेट की तरफ बढ़ने लगी। दोनों में अच्छी दोस्ती हो गई थी और यही से इनके प्यार के सूत्रधार बने थे।
उस समय अंजलि अपने मेडिकल करियर के लिए अभ्यास कर रही थी और सचिन भी क्रिकेट में संघर्ष कर रहे थे। धीरे धीरे सचिन ने अपनी एक अलग पहचान बनाई, जिस वजह से इन दोनों का मिलना आसान नहीं था। ये जब भी बाहर जाते थे, फैंस इन्हे घेरकर ऑटोग्राफ लेने लगते थे। उस समय सचिन के लाखो फैन बन चुके थे।
एक बार Sachin Tendulkar अपने दोस्तों के साथ “रोजा” मूवी देखने के लिए नकली दाड़ी मुछ लगा कर थिएटर में गए, ताकि उनके चाहने वाले उन्हें पहचान न सके। लेकिन उनके फैंस ने उन्हें पहचान लिया और उन्हें घेरकर ऑटोग्राफ लेने लगे। एक बार अंजलि ने बताया था कि जब सचिन इंटरनेशनल टूर पर जाते थे, तब वे सचिन से बात करने के लिए इंटरनेशनल फोन का बिल बचाने के लिए सचिन को लव लेटर लिखती थी।
इन दोनों ने लगभग 5 साल तक एक दूसरे को डेट किया और एक दूसरे को अच्छे से जाना। बाद में इन्होने 24 मई 1995 में शादी कर ली थी। शादी के 2 साल बाद 12 अक्टूबर 1997 को इनके घर में बेटी का जन्म हुआ, जिसका नाम दोनों ने मिलकर सारा तेंदुलकर रखा। इसके ठीक 2 साल बाद इनके घर में बेटे का जन्म हुआ जिसका नाम अर्जुन तेंदुलकर रखा गया।
Sachin Tendulkar व अंजलि ने एक छोटा सा व खुशहाल परिवार बसा लिया था। बाद में अंजलि ने अपना करियर छोड़ दिया ताकि वह अपने बच्चो के करियर पर ध्यान दे सके। एक इंटरव्यू में उन्होंने कहा कि उन्हें अपना करियर बीच में छोड़ने का कोई अफ़सोस नहीं है। वे अपने परिवार के साथ समय बिताना चाहती है और उनकी अच्छे से देखभाल करना चाहती है। आज ये दोनों सफल वैवाहिक जीवन जी रहे है।
सचिन तेंदुलकर का करियर – Sachin Tendulkar Career
सचिन तेंदुलकर का करियर ( Sachin Tendulkar ka Career ) सभी प्लेयर्स के लिए एक प्रेरणा स्रोत है। सचिन को आगे तक बढ़ने में उनके बड़े भाई अजित और कोच रमाकांत आचरेकर ने महत्वपूर्ण भूमिका अदा की है। सचिन ने पूरी लगन से मेहनत करके क्रिकेट में करियर बनाया था। इन्होने 11 साल की उम्र में ही क्रिकेट का अभ्यास करना शुरू कर दिया था।
साल 1988 में इन्होंने राज्य स्तरीय मैच में मुंबई टीम की तरफ से अपने करियर का पहला शतक जड़कर क्रिकेट की शुरुआत की थी। इसके बाद सचिन के प्रदर्शन को देखते हुए राष्ट्रिय स्तर पर इनका चुनाव किया गया। 15 नवंबर 1989 को इन्होने पाकिस्तान के खिलाफ टेस्ट मैच से अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में डेब्यू किया।
Sachin Tendulkar ने 16 वर्ष की उम्र में अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में डेब्यू किया किया था। इस मैच में उनके नाक पर चोट लगी थी। जिस वजह से नाक से खून निकलने लगा। लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी। उस समय उन्होंने खुद को संभाला और खड़े होकर कहा – मैं खेलेगा। इसके बाद उन्होंने अच्छा प्रदर्शन किया और पाकिस्तानी खिलाड़ियों के छक्के छुड़ा दिए।
सचिन के लगातार अच्छे प्रदर्शन को ध्यान में रखते हुए साल 1996 के वर्ल्ड कप में इन्हे टीम इंडिया का कप्तान बनाया गया। लेकिन साल 1998 में इन्होंने कप्तानी छोड़ दी थी। साल 1999 में वापिस इन्हें कप्तान बनाया गया। लेकिन ये ज्यादा सफल कप्तान नहीं रहे। उस समय इन्होंने 25 में से केवल 4 ही टेस्ट मैच जीते थे।
इसके बाद Sachin Tendulkar ने पुनः कप्तान का पद छोड़ दिया और भविष्य में कभी भी कप्तान नहीं बनने का फैसला किया। साल 2001 में सचिन वनडे मैच में 10000 रन बनाने वाले प्रथम खिलाडी बने। इसके बाद साल 2003 इनके लिए भाग्यशाली रहा। साल 2003 में वर्ल्ड कप में इन्होंने 11 मैचो में 673 रन बनाए और टीम इंडिया को जीत दिलाई और सभी के पसंदीदा खिलाडी बन गए।
वर्ल्ड कप का फाइनल मैच भारत और आस्ट्रेलिया के बीच खेला गया था। इस फाइनल मैच में भारत को हार मिली लेकिन सचिन को मेन ऑफ़ द मैच का ख़िताब दिया गया। इस दौरान इनके जीवन में कई उतार चढ़ाव भी आये थे। एक बार इनके ऊपर मैच हराने का आरोप लगा था। लेकिन इन्होंने इन सब बातो को इग्नोर किया और अपने खेल पर ध्यान दिया।
साल 2007 में Sachin Tendulkar टेस्ट मैच में ग्यारह हजार रन बनाने का रिकॉर्ड बनाया। साल 2011 के वर्ल्ड कप में इन्होंने अच्छा प्रदर्शन किया। इस वर्ल्ड कप में इन्होंने दोहरा शतक जड़ा था और सीरिज में 482 रन बनाए थे। अंत में 2011 के वर्ल्ड कप के फाइनल मुकाबले में भारत की जीत हुई।
इस प्रकार अपने करियर के सारे वर्ल्ड कप के मैच मिलकर इन्होंने 2000 रन और 6 शतक बने का रिकॉर्ड अपने नाम किया है। उनका यह रिकॉर्ड आज तक कोई भी बल्लेबाज नहीं तोड़ पाया है। सचिन ने अपने क्रिकेट करियर में कई यादगार पारी खेली। देश- विदेश में उनके करोडो फोल्लोवेर्स है। सचिन को क्रिकेट का भगवान कहा जाता है।
सचिन तेंदुलकर का अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में डेब्यू
- वनडे मैच में डेब्यू – 18 दिसंबर 1989, पाकिस्तान के खिलाफ
- टेस्ट मैच में डेब्यू – 15 नवंबर 1989, पाकिस्तान के खिलाफ
- टी20 मैच में डेब्यू – 1 दिसंबर 2006, साउथ अफ्रीका के खिलाफ
सचिन तेंदुलकर का इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) में सफर
साल 2008 में इंडियन प्रीमियर लीग उद्घाटन हुआ। उस दौरान सचिन को मुंबई इंडियंस टीम का कप्तान बनाया गया था। वे अपने टीम के लिए एक आइकन खिलाड़ी थे। IPL-2010 में मुंबई इंडियंस टूर्नामेंट के फाइनल में पहुंची। टूर्नामेंट के दौरान तेंदुलकर ने 14 पारियों में 618 रन बनाए।
इस सीजन में उन्होंने शान मार्श के सर्वाधिक रनों का रिकॉर्ड तोड़ा। इस सीजन में उन्हें अच्छे प्रदर्शन के लिए प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट घोषित किया गया था। IPL-2010 में सचिन ने IPL पुरस्कार समारोह में सर्वश्रेष्ठ बल्लेबाज और सर्वश्रेष्ठ कैप्टन पुरस्कार भी अपने नाम किया। सचिन ने कप्तान के रूप में दो अलग-अलग सत्रों में IPL में 500 से अधिक रन बनाए थे।
IPL-2011 में कोच्चि टस्कर्स केरल के खिलाफ Sachin Tendulkar ने अपना पहला टी-20 शतक लगाया। उन्होंने 66 गेंदों पर नाबाद 100 रन बनाए। IPL में 51 मैचों में उन्होंने 1,723 रन बनाये थे। साल 2013 में सचिन ने इंडियन प्रीमियर लीग से सन्यास ले लिया और साल 2014 में सचिन तेंदुलकर को मुंबई इंडियंस टीम के “आइकन” के रूप में नियुक्त किया गया।
सचिन तेंदुलकर का खेलने का तरीका – Sachin Tendulkar Batting Style
सचिन क्रिकेट में बल्लेबाज़ी दायें हाथ से करते हैं किन्तु वे लिखते बाये हाथ से हैं। वे अक्सर बायें हाथ से गेंद फेंकने का अभ्यास करते हैं। उनकी बल्लेबाज़ी उनके बेहतरीन सन्तुलन और नियंत्रण पर आधारित है। सचिन भारत की धीमी पिचों की बजाय वेस्टइंडीज़ और ऑस्ट्रेलिया की सख्त व तेज़ पिच पर खेलना ज्यादा पसंद करते हैं।
वे अपनी बल्लेबाजी की अनूठी पंच शैली के लिये भी जाने जाते हैं। ऑस्ट्रेलिया के पूर्व प्रशिक्षक जॉन ब्यूकैनन के अनुसार तेंदुलकर अपनी पारी की शुरुआत में शॉर्ट गेंद को ज्यादा खेलना पसन्द करते हैं। इनके अनुसार बायें हाथ की तेज गेंद तेंदुलकर की कमज़ोरी है। अपने कैरियर की शुरुआत में सचिन के बैटिंग की शैली आक्रामक हुआ करती थी। सन् 2004 के बाद वे कई बार चोटिल हुए, जिस वजह से उनकी बल्लेबाजी में कमी आई।
सचिन नियमित गेंदबाज़ नहीं हैं, लेकिन वे मध्यम तेज, लेग स्पिन व ऑफ स्पिन गेंदबाज़ी करते है। वे कई बार लम्बी व देर से टिकी हुई बल्लेबाजों की जोड़ी को तोड़ने के लिये गेंदबाज़ी करते है। भारतीय टीम की जीत सुनिश्चित करने के लिए उन्होंने कई बार गेंदबाज़ी में योगदान दिया है।
क्रिकेट के मैदान में सचिन तेंदुलकर का रवैया
सचिन तेंदुलकर ने हमेशा कहा है कि वे अपने लिए नहीं खेलते है। वे हमेशा अपनी टीम के लिये और अपने देश के लिये खेलते है। उनके मन में हमेशा क्रिकेट के प्रति अत्यधिक सम्मान का भाव रहा। उन्होंने क्रोधित होकर कभी भी कोई टिप्पणी नहीं की।
यदि कोई खिलाड़ी उनके खिलाफ कभी टिप्पणी भी करता था, तो वे इसका जवाब अपनी जुबान से न देकर बल्ले से दिया करते थे। सचिन जब भी बल्लेबाजी करने के लिए उतरते थे, वे मैदान पर कदम रखने से पहले सूर्य देवता को नमन करते थे। उनका क्रिकेट के प्रति गहरा लगवा था।
जब वर्ल्ड कप के दौरान उनके पिताजी का निधन हो गया था, तब वे खबर सुनते ही घर के लिए निकल पड़े थे। वे अपने पिता के अंतिम संस्कार में शामिल हुए और वापिस लौट आये। इसके बाद सचिन अगले मैच में खेलने के लिए उतरे और शतक जड़कर अपने पिता को श्रद्धांजलि अर्पित की।
अच्छा क्रिकेट खेलने के लिये ऊँचे कद को वरीयता दी जाती है लेकिन छोटे कद के बावजूद लम्बे-लम्बे छक्के मारकर इस धारणा को गलत साबित किया। इसके बाद उन्हें लिटिल मास्टर की उपाधि दी गई। जो आगे चलकर इनका उपनाम बना।
सचिन तेंदुलकर द्वारा बनाये गए रिकॉर्ड – Sachin Tendulkar Record
- साल 1998 में उन्होंने 1894 रन बनाए थे, जो कि एक कैलेंडर वर्ष में किसी भी बल्लेबाज द्वारा सबसे अधिक वनडे में रन बनाने का रिकॉर्ड है।
- टेस्ट मैचों में सबसे अधिक 15,921 रन बनाने का रिकॉर्ड।
- एकदिवसीय अन्तर्राष्ट्रीय मैचों में सबसे अधिक 18,426 रन बनाने का रिकॉर्ड।
- सबसे अधिक 200 टेस्ट मैच खेलने का रिकॉर्ड
- सबसे अधिक 463 वनडे मैच खेलने का रिकॉर्ड।
- वे एकदिवसीय अन्तर्राष्ट्रीय क्रिकेट के इतिहास में दोहरा शतक जड़ने वाले पहले खिलाड़ी है।
- वे 100 अंतरराष्ट्रीय शतक जड़ने वाले दुनिया के एकमात्र बल्लेबाज है।
- इनके पास टेस्ट क्रिकेट में सबसे ज्यादा 51 शतक लगाने का रिकॉर्ड है।
- इनके पास एकदिवसीय अन्तर्राष्ट्रीय क्रिकेट में सबसे ज्यादा 49 शतक लगाने का रिकॉर्ड है।
- एकदिवसीय अन्तर्राष्ट्रीय क्रिकेट में सर्वाधिक 96 अर्धशतक बनाने का रिकॉर्ड।
- वर्ल्ड कप में सबसे अधिक 2,278 रन बनाने का रिकॉर्ड।
- इनके पास सबसे ज्यादा 6 वर्ल्ड कप खेलने का रिकॉर्ड है।
- इनके पास वर्ल्ड कप में सबसे अधिक शतक लगाने का रिकॉर्ड है।
- टेस्ट मैचों में सर्वाधिक 68 अर्धशतक लगाने का रिकॉर्ड।
- वे टेस्ट मैचों में सबसे तेज 10,000 रन बनाने वाले खिलाड़ी है।
- साल 1998 में एक कैलेंडर वर्ष में अन्तर्राष्ट्रीय वनडे मैच में सर्वाधिक 9 शतक लगाने का रिकॉर्ड।
- वे अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 30,000 से अधिक रन पूरे करने वाले दुनिया के एकमात्र बल्लेबाज हैं।
- सचिन ने कुल 664 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैचों में 34,357 रन बनाए।
- 16 मार्च 2012 को बांग्लादेश के खिलाफ तेंदुलकर ने अपना 100th अंतरराष्ट्रीय शतक बनाया था।
- एकदिवसीय अन्तर्राष्ट्रीय क्रिकेट में सबसे ज्यादा मैन ऑफ द मैच और मैन ऑफ द सीरीज लेने का रिकॉर्ड ।
टेस्ट क्रिकेट से संन्यास
23 December 2012 को Sachin Tendulkar ने वनडे क्रिकेट से संन्यास लेने की घोषणा की थी। लेकिन सचिन के फोल्लोवेर्स को आघात तब लगा, जब उन्होंने टेस्ट क्रिकेट से भी संन्यास लेने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि देश का प्रतिनिधित्व करना और पूरी दुनिया में खेलना मेरे लिये एक बड़ा सम्मान था। मुझे घरेलू जमीन पर 200 वाँ टेस्ट मैच खेलने का इन्तजार है।
इसके बाद मैं संन्यास ले लूँगा। बाद में अपनी इच्छा के अनुसार Sachin Tendulkar ने अन्तिम टेस्ट मैच वेस्टइण्डीज़ के खिलाफ मुम्बई के वानखेड़े स्टेडियम में ही खेला गया। 16 November 2013 को उन्होंने अपने अन्तिम टेस्ट मैच में 74 रनों की पारी खेली। इस मैच में भारत को विजय मिली। इसके बाद उन्होंने टेस्ट मैच से सन्यास ले लिया।
सचिन तेंदुलकर के अवार्ड्स और सम्मान (Sachin Tendulkar Awards)
Year (वर्ष) | Awards (पुरुस्कार) |
1994 | अर्जुन पुरस्कार |
1997 | विजडन क्रिकेटर ऑफ द ईयर |
1997 | मेजर ध्यानचंद खेल रत्न पुरस्कार |
1998 | विजडन लीडिंग क्रिकेटर इन द वर्ल्ड |
1999 | पद्म श्री |
2001 | महाराष्ट्र भूषण पुरस्कार |
2003 | क्रिकेट विश्व कप में प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट |
2004 | आईसीसी विश्व एकदिवसीय एकादश |
2006 | वर्ष के अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेटर के लिए पोली उमरीगर पुरस्कार |
2007 | आईसीसी विश्व एकदिवसीय एकादश |
2008 | पद्म विभूषण |
2009 | वर्ष के अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेटर के लिए पोली उमरीगर पुरस्कार |
2009 | ICC World Test-11 |
2010 | ICC World Test-11 |
2010 | विजडन लीडिंग क्रिकेटर इन द वर्ल्ड |
2010 | आईसीसी विश्व एकदिवसीय एकादश |
2010 | क्रिकेटर ऑफ द ईयर के लिए सर गारफील्ड सोबर्स ट्रॉफी |
2010 | खेल और लंदन में एशियाई पुरस्कारों में पीपुल्स च्वाइस अवार्ड में उत्कृष्ट उपलब्धि |
2010 | LG Peoples Choice Award |
2010 | भारतीय वायु सेना द्वारा मानद ग्रुप कैप्टन बनाया गया |
2011 | ICC World Test-11 |
2011 | BCCI Cricketer of the Year |
2012 | ऑस्ट्रेलिया के आदेश के मानद सदस्य, ऑस्ट्रेलियाई सरकार द्वारा दिए गए |
2014 | ESPN Cricinfo Cricketer of the Generation |
2014 | भारत रत्न |
2017 | 7TH एशियाई पुरस्कारों में एशियाई पुरस्कार फैलोशिप पुरस्कार |
2019 | ICC क्रिकेट हॉल ऑफ फ़ेम में शामिल किया गया |
2020 | लॉरियस वर्ल्ड स्पोर्ट्स अवार्ड फॉर बेस्ट स्पोर्टिंग मोमेंट |
सचिन तेंदुलकर की बायोपिक फिल्म – Sachin Tendulkar Biography Film
क्रिकेट के भगवान कहे जाने वाले Sachin Tendulkar पर एक बायोग्राफी फिल्म “सचिन : ए बिलियन ड्रीम्स” बनाई जा चुकी है। इस फिल्म में सचिन ने एक शरारती बच्चे से एक क्रिकेटर बनने तक की कहानी बताई है। सचिन ने बताया कि क्रिकेट खेलने से अधिक चुनौतीपूर्ण कार्य अभिनय करना है। यह फिल्म श्रीकांत भासी और रवि भगचंदका ने बनाई थी। इसका निर्देशन जेम्स अर्सकिन ने किया था।
सचिन तेंदुलकर से जुड़ी कुछ रोचक जानकारियाँ
- सचिन बियर और कभी कभी वाइन का सेवन करते है।
- सचिन का नाम प्रसिद्ध भारतीय संगीत निर्देशक सचिन देव बर्मन के नाम पर रखा गया था।
- वह बचपन में बहुत शरारती था।
- प्रारंभ में इन्हे लॉन टेनिस में रूचि थी।
- वे जॉन मैकनेरो को अपना गुरु मानते है।
- सचिन के बड़े भाई अजित ने ही इन्हे क्रिकेट खेलने के लिए प्रेरित किया था। इसके लिए उन्होंने साल 1984 में दादर में क्रिकेट अकादमी में दाखिला कराया
- रमाकांत आचरेकर ने सचिन की प्रतिभा को देखकर में शारदाश्रम विद्यामंदिर स्कूल, दादर में एडमिशन लेने के लिए कहा।
- सचिन एक अच्छे दिल के इंसान है। वे प्रतिवर्ष 200 बच्चों को “Apnalaya” के माध्यम से प्रायोजित करते हैं। उनके द्वारा संचालित यह NGO उनकी सास अनाबेल मेहता चलाती है।
- साल 2003 के वर्ल्ड कप में उन्होंने शोएब अख्तर की गेंद पर अपर कट के द्वारा छक्का मारा था। उनका यह शॉट सचिन के फैन के बीच काफी प्रसिद्ध है।
- उनके पास अपनी एक निजी किट है, जिसमें वे अपनी बेटी सारा द्वारा बनाए गए तिरंगे झंडे का एक चित्र रखते है।
- वे पहले भारतीय खिलाडी हैं जिनकी लंदन के मैडम तुसाद में एक मोम की प्रतिमा स्थापित की गई है।
- 24 फरवरी 2010 को वे अंतर्राष्ट्रीय वनडे क्रिकेट में दोहरा शतक जड़ने वाले प्रथम क्रिकेटर बने थे। उन्होंने मध्य प्रदेश के ग्वालियर में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ यह रिकॉर्ड बनाया।
- साल 2003 में उन्होंने एक बॉलीवुड फिल्म “स्टम्पड” में अभिनय किया था।
- वे अपने दायें हाथ से बल्लेबाजी और गेंदबाजी करते हैं जबकि अपने बाएं हाथ से लिखते हैं।
- साल 1998 का शारजाह टूर्नामेंट को उनके करियर का सर्वश्रेष्ठ टूर्नामेंट माना जाता है। इस टूर्नामेंट की मदद से भारत फाइनल मे पहुँचा था और भारत को जीत मिली थी।
- साल 1987 में वे वानखेड़े स्टेडियम में भारत और इंग्लैंड के बीच वर्ल्ड कप सेमीफाइनल के दौरान एक बॉल बॉय थे।
- वे संसद में राज्य सभा के सदस्य हैं।
- साल 2002 में फॉर्मूला 1 लीजेंड माइकल शूमाकर ने उन्हें “फेरारी 360 मोडेना” गिफ्ट में दी थी।
- शारदाश्रम विद्यामंदिर में विनोद कांबली सचिन के अच्छे मित्र थे।
- उन्होंने शारदाश्रम विद्यामंदिर में विनोद कांबली के साथ मिलकर 664 रन बनाए, जिसमें से 329 रन उनके खुद के बनाये हुए थे।
- सचिन को उनके जीवन का पहला बल्ला उनकी बहन सविता ने उन्हें उपहार स्वरूप दिया था।
- सचिन तेंदुलकर कोच्ची ISPL (Kerala Blasters FC) टीम “इंडियन सुपर फुटबॉल लीग” के सह मालिक हैं।
- प्रारम्भ में वे एक तेज गेंदबाज बनना चाहते थे, लेकिन ऑस्ट्रेलियाई तेज गेंदबाज डेनिस लिली की सलाह पर उन्होंने अपनी बल्लेबाजी पर ध्यान केंद्रित किया।
- 17 वर्ष की उम्र में वे पहली बार अपनी पत्नी अंजली से मुंबई एयर पोर्ट पर मिले थे। इसके 5 वर्ष बाद उन्होंने अंजली से शादी कर ली थी।
- उन्होंने पाकिस्तान के खिलाफ अपने पहले टेस्ट डेब्यू में 15 रन बनाए थे।
- वे अपने पहले एकदिवसीय अन्तर्राष्ट्रीय मैच में जीरो पर आउट हो गए थे।
- वे गणेश चतुर्थी को साल का सबसे महत्वपूर्ण दिन मानते हैं। वे अपनी फॅमिली के साथ में गणेश चतुर्थी को बड़ी धूमधाम से सेलिब्रेट करते है।
- वे कोलाबा मुंबई में “तेंदुलकर” नामक एक रेस्टोरेंट के मालिक है।
- वे क्रिकेट के अलावा टेनिस, फ़ुटबॉल और फॉर्मूला 1 जैसे अन्य खेलों को पसंद करते हैं।
- वे जॉन मैकेनरो, डिएगो माराडोना और माइकल शूमाकर के बहुत बड़े प्रशंसक हैं।
सचिन तेंदुलकर के अनमोल वचन
- मैंने कभी अपने आपकी तुलना दूसरों से नहीं की हैं।
- मैं इसे बहुत साधारण लेता हूँ। बॉल को देखो और उसे पूरी योग्यता के साथ खेलो।
- मैं बहुत दूर की नहीं सोचता हूँ मैं एक वक्त में एक ही चीज सोचता हूँ।
- मैं कभी नहीं सोचता कि मैं कहाँ जाऊंगा। मैंने अपने आपको किसी भी लक्ष्य के लिए मजबूर नहीं किया हैं।
- मैदान के अन्दर और बहार खुद को पैश करने का हरेक व्यक्ति की अपनी अलग शैली व एक अलग तरीका होता हैं।
- जब मैं क्रिकेट खेलता हूँ तो मैं यह नहीं सोच सकता हैं कि यह खेल कम या ज्यादा महत्वपूर्ण हैं।
- आलोचकों ने मुझे मेरा क्रिकेट नहीं सिखाया हैं और वे नहीं जानते है, मेरे शरीर और मेरे दिमाग में क्या हैं।
- अलग अलग खिलाडी जितने के लिए अपना अपना योगदान देते हैं यही कारण हैं कि जीत हमेशा महान होती हैं।
- मैं एक खिलाडी हूँ राजनेतिज्ञ नहीं। मैं खिलाडी हूँ और वही रहूँगा। मैं क्रिकेट छोड़कर राजनीति में नहीं जा रहा हूँ क्रिकेट मेरी ज़िन्दगी हैं में उसी के साथ रहूँगा।
- मैं क्रिकेट में हार से नफ़रत करता हूँ, क्रिकेट मेरा पहला प्यार हैं, एक बार जब मैं मैदान में आता हूँ वो मेरे लिए एक पूरी तरह से अलग क्षेत्र हैं और जीतने की भूख हमेशा वहाँ होती हैं।
आशा करता हूँ आपको भारतीय टीम के महान बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर का जीवन परिचय ( Sachin Tendulkar biography in hindi ) , सचिन तेंदुलकर की जीवनी (Sachin Tendulkar ki jiwani ), व सचिन तेंदुलकर सक्सेस स्टोरी ( Sachin Tendulkar success story ) पसंद आई हुई होगी है। सचिन तेंदुलकर की सक्सेस स्टोरी में किसी प्रकार की कमी या त्रुटि होने पर आप अपने विचार कमेंट बॉक्स में रखने के लिए स्वतंत्र है।
FAQ
Q : सचिन तेंदुलकर का जन्म कब हुआ था ?
Ans : 24 अप्रैल 1973
Q : सचिन तेंदुलकर के पिता कौन है ?
Ans : रमेश तेंदुलकर जो की एक उपन्यासकार है।
Q : अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में सचिन तेंदुलकर ने कितने शतक बनाये है ?
Ans : 100 शतक
Q : सचिन तेंदुलकर ने अंतर्राष्ट्रीय एकदिवसीय क्रिकेट में कितने शतक बनाये है ?
Ans : 49 शतक
Q : सचिन तेंदुलकर ने अंतर्राष्ट्रीय टेस्ट क्रिकेट में कितने शतक बनाये है ?
Ans : 51 शतक
Q : सचिन तेंदुलकर ने अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में कुल कितने रन बनाये है ?
Ans : अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में सचिन ने कुल 34,357 रन है।
Q : सचिन तेंदुलकर के कितने बच्चे है ?
Ans : 2 बच्चे – सारा तेंदुलकर और अर्जुन तेंदुलकर
Q : सचिन तेंदुलकर की पत्नी कौन है ?
Ans : डॉ अंजली तेंदुलकर
Q : सचिन तेंदुलकर ने अंतर्राष्ट्रीय टेस्ट क्रिकेट में कब डेब्यू किया था ?
Ans : 15 नवंबर 1989, पाकिस्तान के खिलाफ
Q : सचिन तेंदुलकर ने अंतर्राष्ट्रीय वनडे क्रिकेट में कब डेब्यू किया था ?
Ans : 18 दिसंबर 1989, पाकिस्तान के खिलाफ
Q : सचिन तेंदुलकर ने अंतर्राष्ट्रीय टी-20 क्रिकेट में कब डेब्यू किया था ?
Ans : 1 दिसंबर 2006, साउथ अफ्रीका के खिलाफ
Q : सचिन तेंदुलकर ने अंतर्राष्ट्रीय टेस्ट क्रिकेट से कब सन्यास लिया था ?
Ans : 16 November 2013
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मेरा नाम गोविन्द प्रजापत है। मैं talentkiduniya.com का फाउंडर हूँ। मुझे स्कूल के समय से ही हिंदी में लेख लिखने और अपने अनुभव को लोगो से शेयर करने में रूचि रही है। मैं इस ब्लॉग के माध्यम से अपनी नॉलेज को हिंदी में लोगो के साथ शेयर करता हूँ।